यह लेख कान्हा क्षेत्र के आदिवासी बच्चों के लिए विकसित जैव-विविधता पाठ्यचर्या के माध्यम से संदर्भ-आधारित शिक्षा की शक्ति को रेखांकित करता है। जंगल, स्थानीय ज्ञान, खेल, खेती और सांस्कृतिक अनुभवों को सीखने से जोड़कर यह दिखाता है कि शिक्षा कैसे बच्चों के जीवन से जुड़ते हुए वैज्ञानिक समझ और पर्यावरणीय संवेदनशीलता को विकसित कर सकती है।